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Noida Labour Protest: नोएडा में क्या भीड़ को किसी ने उपद्रव के लिए उकसाया… हाई लेवल बैठक में क्या हुआ?

Noida Labour Protest: नोएडा में क्या भीड़ को किसी ने उपद्रव के लिए उकसाया... हाई लेवल बैठक में क्या हुआ?

नोएडा आंदोलन की तस्वीर.

Noida Today News: नोएडा में मजदूरों के उग्र प्रदर्शन और आंदोलन को लेकर लगातार नए खुलासे हो रहे हैं. इस पूरे घटनाक्रम में अब एक नई परत सामने आई है, जिसमें कम उम्र के युवाओं की संदिग्ध भूमिका, सुनियोजित साजिश के संकेत मिले हैं. प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आंदोलन में शामिल कई युवक 18 से 20 साल की उम्र के थे, जो स्थानीय फैक्ट्रियों में ही काम करते हैं. वीडियो फुटेज में ये युवक पत्थरबाजी और तोड़फोड़ करते हुए नजर आए हैं.

अधिकारियों का मानना है कि ये युवा या तो भीड़ के प्रवाह में बह गए या किसी के उकसावे में आकर आंदोलन का हिस्सा बन गए. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या इन युवाओं को जानबूझकर ढाल बनाकर आगे किया गया था.

विशाल प्रदर्शन और पुलिस की मुस्तैदी

नोएडा पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के मुताबिक, जिले में 83 अलग-अलग स्थानों पर करीब 42,000 श्रमिकों ने प्रदर्शन किया. पुलिस और प्रशासन ने सूझबूझ दिखाते हुए 78 स्थानों पर लोगों को समझा-बुझाकर शांतिपूर्ण तरीके से वापस भेज दिया, लेकिन कुछ जगहों पर स्थिति अनियंत्रित हो गई और आगजनी व पथराव की घटनाएं सामने आईं.

हाई-लेवल बैठक और मांगों पर सहमति

ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा गठित कमेटी की एक उच्च स्तरीय बैठक हुई. इसमें मजदूरों के वेतन, ओवरटाइम, साप्ताहिक अवकाश और कार्यस्थल की स्थितियों जैसे प्रमुख मुद्दों पर चर्चा की गई. अधिकारियों ने बताया कि मजदूरों की 5 में से 4 मांगें मान ली गई हैं, जबकि शेष मांगों के लिए बनी कमेटी ने अपनी समीक्षा शुरू कर दी है.

सख्त कार्रवाई: 500 से ज्यादा हिरासत में

आंदोलन के बाद पुलिस ने कड़ा रुख अपनाया है. अब तक लगभग 150 लोगों को राउंडअप किया गया है और 500 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया गया है. सीसीटीवी और वीडियो फुटेज के आधार पर 200 अन्य संदिग्धों की पहचान की जा रही है.

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डिजिटल स्ट्राइक: सोशल मीडिया पर FIR

कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने बताया कि अफवाह फैलाने वाले दो सोशल मीडिया अकाउंट्स पर FIR दर्ज की गई है. जांच में संकेत मिले हैं कि यह आंदोलन एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा हो सकती है, जिसमें बाहरी जिलों से आए लोगों ने भी माहौल बिगाड़ने की कोशिश की.

शांति की अपील

पुलिस कमिश्नर ने स्वयं विभिन्न इलाकों का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया और स्पष्ट किया कि कानून तोड़ने वालों को बख्शा नहीं जाएगा. प्रशासन ने श्रमिकों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है. उन्होंने भरोसा दिलाया है कि समस्याओं का समाधान बातचीत से ही निकाला जाएगा.

नदीम सैफी

नदीम सैफी

नदीम सैफी पिछले 11 साल से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. राजनीति व क्राइम की खबरों पर मजबूत पकड़ है. कई टीवी चेन्नल्स में बतौर रिपोर्टर काम कर चुके हैं. कोरोना काल में जब लोग घरों में कैद थे तब सड़कों पर उतरकर लोगों को ग्राउंड जीरो से रूबरू करवाया. नोएडा में एक दैनिक समाचार पत्र से शुरुआत की और R9 टीवी, नवतेज टीवी, प्राइम न्यूज़ व जनतंत्र टीवी में काम का अनुभव लिया. फिलहाल TV9 में बतौर डिजिटल रिपोर्टर के रूप में कार्यरत हैं.

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