जेवर एयरपोर्ट का सफर अब मिनटों में: ग्रेटर नोएडा में बनेगा 5 KM लंबा एलिवेटेड रोड, इन इलाकों को होगा खास फायदा

प्रतीकात्मक तस्वीर.
Greater Noida News: ग्रेटर नोएडा और ग्रेटर नोएडा वेस्ट (ग्रेनो वेस्ट) के बीच सफर करने वाले लाखों वाहन चालकों के लिए राहत भरी खबर है. तिलपता गोलचक्कर पर लगने वाले भीषण जाम को खत्म करने के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण ने एक महायोजना तैयार की है. यहां लगभग 5 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड रोड बनाने का प्रस्ताव है, जो न केवल जाम की समस्या सुलझाएगा, बल्कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की ओर जाने वाले ट्रैफिक को भी रफ्तार देगा. घंटों का सफर मिनटों में तय होगा.
प्राधिकरण के अधिकारियों के अनुसार, इस महत्वाकांक्षी परियोजना की व्यवहार्यता रिपोर्ट उत्तर प्रदेश सेतु निगम द्वारा तैयार की जाएगी. उच्चाधिकारियों से हरी झंडी मिलने के बाद जल्द ही सर्वे का काम शुरू कर दिया जाएगा. वरिष्ठ प्रबंधक प्रभात शंकर ने बताया कि प्राथमिक सर्वे में उन बिंदुओं की पहचान कर ली गई है जहां ट्रैफिक का दबाव सबसे अधिक रहता है. फिजिबिलिटी रिपोर्ट के बाद इसकी विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) बनाई जाएगी.
कैसा होगा एलिवेटेड रोड का रूट?
प्रस्तावित एलिवेटेड रोड दादरी-सूरजपुर-छलेरा (DSC) मार्ग पर स्थित तिलपता गोलचक्कर से लगभग 500 मीटर पहले (सूरजपुर की ओर से) शुरू होगा. यह सीधे दादरी रेलवे ओवरब्रिज (ROB) के पास जाकर खत्म होगा. लंबाई करीब 5 किलोमीटर होगी. यह कम से कम 6-लेन का होगा ताकि भविष्य के ट्रैफिक को संभाला जा सके. इससे दादरी नगर, जीटी रोड-91 और आसपास के दर्जनों गांवों के लोगों का आवागमन बेहद सुगम हो जाएगा.
चौड़ीकरण में अवैध निर्माण बना रोड़ा
तिलपता में वर्तमान सड़क की चौड़ाई बढ़ाना प्राधिकरण के लिए बड़ी चुनौती बन गया है. मुख्य सड़क के किनारे बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण और ग्रामीणों के विरोध के कारण एक साल पहले टेंडर जारी होने के बावजूद नाली और सड़क का काम शुरू नहीं हो सका है. बीते दिनों निर्माण कार्य रोकने के लिए कर्मचारियों पर हमले की घटनाएं भी सामने आई थीं. ऐसे में एलिवेटेड रोड ही इस समस्या का एकमात्र स्थाई समाधान नजर आ रहा है.
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एयरपोर्ट और फ्रेट कॉरिडोर की वजह से बढ़ेगा दबाव
आने वाले कुछ महीनों में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से उड़ानें शुरू होने वाली हैं. साथ ही, 130 मीटर चौड़ी सड़क पर डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (DFC) का फ्लाईओवर भी चालू होने वाला है. इन दोनों परियोजनाओं के शुरू होते ही तिलपता गोलचक्कर पर ट्रैफिक का दबाव कई गुना बढ़ जाएगा. इस दबाव को झेलने के लिए प्राधिकरण अभी से वैकल्पिक रास्तों और यू-टर्न बनाने पर भी विचार कर रहा है.
सीईओ का क्या कहना है?
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ रवि कुमार एनजी ने कहा, “भविष्य की जरूरतों को देखते हुए ग्रेटर नोएडा और ग्रेनो वेस्ट में जाम मुक्त यातायात के लिए विस्तृत कार्ययोजना बनाई गई है. तिलपता में डीएससी मार्ग पर एलिवेटेड रोड एक गेम-चेंजर साबित होगा. फिजिबिलिटी रिपोर्ट मिलते ही काम को गति दी जाएगी.”




