लखनऊ से किडनैप दोनों बच्चे लखीमपुर खीरी मिले, आरोपी गिरफ्तार; मांगी थी 10 लाख की फिरौती

राजधानी लखनऊ की आलमबाग थाना पुलिस टीम को बड़ी सफलता मिली है. पुलिस ने 24 घंटे के अंदर किडनैप किए गए दोनों मासूम बच्चों को सकुशल बरामद कर लिया. साथ ही आरोपी को भी गिरफ्तार कल लिया. बीते 11 सितंबर को अर्जुन (9) और प्रद्युम्न (6) घर के बाहर खेलते समय रहस्यमय ढंग से लापता हो गए थे. जब परिजनों को दोनों बच्चे दिखाई नहीं दिए तो वह परेशान हो गए. आनन-फानन में उन्होंने आलमबाग थाना पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद पुलिस बच्चों की तलाश में जुट गई. इसी बीच परिजनों के पास 10 लाख रुपए फिरौती का मैसेज भी आया.
परिवार के मुताबिक, दोनों बच्चे गुरुवार दोपहर करीब तीन बजे अपने घर के बाहर खेल रहे थे. कुछ देर बाद जब माता-पिता ने बच्चों को नहीं देखा तो उन्होंने आसपास तलाश शुरू की. पड़ोसियों से भी बच्चों के बारे में जानकारी जुटाई गई, लेकिन कुछ पता नहीं चला. घंटों खोजबीन के बाद भी बच्चों का कोई सुराग नहीं मिला तो हताश परिवार तुरंत आलमबाग थाने पहुंचा. थाने में पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी.
लखनऊ पुलिस कमिश्नर ने बच्चों को ढूंढने के लिए 5 टीमें लगाई
पुलिस ने मामले की गंभीरता को समझते हुए तुरंत मुकदमा दर्ज किया और बच्चों की तलाश में जुट गई. चूंकि दो बच्चों का एक साथ किडनैप हुआ था तो लखनऊ पुलिस कमिश्नर अमरेंद्र कुमार सोनकर भी एक्टिव हो गए. पुलिस कमिश्नर अमरेंद्र कुमार सोनकर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल पांच टीमें गठित कीं. ये टीमें बच्चों की तलाश में जुट गईं.
इसी बीच शुक्रवार सुबह करीब छह बजे परिजनों के मोबाइल पर फिरौती का मैसेज आया, जिसमें आरोपी ने लिखा था कि अगर 10 लाख रुपए बताई जगह पर नहीं पहुंचाए गए तो वह बच्चों को मार देगा. मैसेज देख परिजन और परेशान हो गए. उन्होंने पुलिस को भी मैसेज दिखाया, जिसमें बाद पुलिस ने नंबर को सर्विलांस पर लगाया. लोकेशन लखीमपुर खीरी में मिली, जिसके बाद पुलिस टीम लखीमपुर खीरी के लिए रावान हो गई.
सीतापुर का रहने वाला है आरोपी
शुक्रवार शाम को पुलिस ने आरोपी बृजेश यादव पुत्र शिवलाल निवासी सीतापुर के पास से दोनों बच्चों को सकुशल बरामद कर लिया. साथ ही आरोपी बृजेश यादव को गिरफ्तार कर लिया. पुलिस ने दोनों नाबालिग बच्चों को सुरक्षित परिवार को सौंप दिया. एसीपी अभय कुमार मल्ल के नेतृत्व में टीम को ये सफलता मिली. वहीं बच्चों के मिलने के बाद परिजनों ने राहत की सांस ली. फिलहाल पुलिस टीम आरोपी बृजेश यादव से पूछताछ में जुटी है.

