बात समझो, जो चाहता हूं वो करोगी तो भला होगा… 23 मिनट की कॉल में 11 बार छात्रा से बोला नशेड़ी प्रोफेसर | deen dayal upadhyaya university gorakhpur ba girl accuses professor viral audio stwss

दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्याल
गोरखपुर से एक हैरान कर देने वाली घटना सामने आई जहां दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय की BA की छात्रा के साथ उसके ही प्रोफेसर ने बदसलूकी की. छात्रा ने कॉलेज की आंतरिक जांच समिति को 23 मिनट का ऑडियो भी सौंप हैं. इस ऑडोयो में प्रोफेसर डॉ जितेंद्र कुमार छात्रा से एक बार नहीं कुल 11 बार कह रहे हैं “तुम मेरी बात समझो, मैं तुम्हें बहुत मानता हूं”. प्रोफेसर ने छात्रा से यह भी कहा कि पहले की छात्राओं की तरह तुम्हारी भी मदद कर दूंगा और तुम्हारा जीवन सुधर जाएगा.
आरोप है कि रक्षा अध्ययन विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. जितेंद्र कुमार ने बीते 21 और 22 दिसंबर की रात में शराब के नशे में छात्रा को फोन किया था. इस दौरान उन्होंने छात्रा से कहा था, ‘मेरी बात समझो और जो मैं चाहता हूं वह कर दो तो तुम्हारा भला होगा. पहले कि जिन छात्राओं ने मेरी बात मानी उनका मैं भला कर दिया था’. यह सब सुनने के बाद भी छात्रा ने प्रोफेसर के सामने सम्मान प्रकट किया था. लेकिन बावजूद इसके प्रोफेसर ने अपनी हरकतें बंद नहीं की.
परीक्षा में मदद के बदले गिफ्ट मांग रहा प्रोफेसर
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इसी बीच एक प्रोफेसर का एक ऑडियो सामने आता है जिसमें उन्हें लड़की से बात करते हुए, बार-बार यह कहते हुए सुना गया कि ‘तुम मेरी बात को समझो, क्यों नहीं समझ रही हो’. इसका जवाब देते हुए पीड़ित छात्रा ने पूछा कि सर आप कहना क्या चाहते हैं, मैं वास्तव में नहीं समझ पा रही हूं. शिक्षक परीक्षा में मदद के बदले गिफ्ट मांगते हुए सुनाई पड़ रहे हैं. हालांकि, पीड़ित ने जिस ऑडियो फाइल को जांच समिति के सौंपा है उसकी बारीकी से जांच की जा रही है.
पीड़ित छात्रा ने पहले भी की है शिकायत
बता दें कि छात्रा ने विश्वविद्यालय की आंतरिक जांच समिति से 8 जनवरी को आरोपी असिस्टेंट प्रोफेसर के खिलाफ शिकायत की थी. शिकायत के बावजूद कोई एक्शन नहीं लिया गया. जिसके बाद, थक-हारकर पीड़िता ने राज भवन व कुलपति को शिकायती पत्र भेजा जिसके बाद मामला मीडिया की सुर्खियों में आ गया.
जिसके बाद कुलपति प्रोफेसर पूनम टंडन ने मामले का संज्ञान लेते हुए पुरानी आंतरिक जांच समिति को भंग कर दिया और नई समिति को गठित किया. नई समिति ने शुरुआती पूछताछ में ही अपनी प्राथमिक रिपोर्ट कुलपति को भेज दी थी जिसके आधार पर आरोपी असिस्टेंट प्रोफेसर को क्लास लेने से इनकार कर दिया गया. इसके अलावा जांच समिति ने आरोपी प्रोफेसर से जवाब मांगा है.
(रिपोर्ट – डॉ. सिन्धु कुमार मिश्र/गोरखपुर)

